बाराखडी सीखने का तरीका हिंदी और इंग्लिश में जाने

Barahkhadi

बारहखड़ी शिक्षा की पहली सीढ़ी है जिसे आप बच्चों को सिखाने के लिए प्रात्साहित करते है. भारतीय संस्कृति और साहित्य के अनुसार प्रत्येक बच्चें को “क” का टेबल और Barakhadi सीखना अत्यत आवश्यक होता है, जिसकी जिम्मेदारी उनके माता-पिता की होती है. दरअसल, बच्चों की शिक्षा की शुरुआत माँ की गोद से ही शुरू होती … Read more

उपसर्ग की परिभाषा, भेद और उदाहरण | Upsarg in Hindi Vyakarn

Upsarg in Hindi Vyakarn

हिंदी व्याकरण में उपसर्ग की भूमिका सर्वाधिक माना गया है. क्योंकि, यह किसी शब्द के पहले आकर नए शब्द का निर्माण करता है. Upsarg से प्रश्न और टॉपिक अकादमिक और प्रतयोगिता एग्जाम में प्रश्न पूछा जाता है. इसे अंग्रेजी में Prefix कहते है जो किसी शब्द के पहले प्रयुक्त होता है. व्याकरण एवं शब्दों को … Read more

अव्यय की परिभाषा, भेद, उदाहरण | Avyay in Hindi

Avyay in Hindi

हिंदी व्याकरण में अव्यय का महत्व सबसे अधिक इसलिए है कि इसका रूप में कोई परिवर्तन नही होता है. अर्थात, लिंग, वचन, पुरुष, कारक आदि का रूप सदैव एक ही बना रहता है. इसलिए, इसे अविकारी पद भी कहते हैं. Avyay हिंदी व्याकरण का मुख्य भाग है जिससे वैसे शब्दों का अध्ययन करते है जो … Read more

वाच्य (Voice): परिभाषा, भेद, नियम और उदाहरण – Vachya in Hindi

Vachya in Hindi Grammar

हिंदी वाक्य, क्रियाओं के संयोग और परिवर्तन से बनते है जिसमे कई क्रिया कर्म या भाव के अनुसार अपना रूप बदलता है. इन्ही नियम को यहाँ “वाच्य” के माध्यम से अध्ययन करेंगे जो प्रतियोगिता और अकादमिक एग्जाम के लिए आवश्यक होता है. Vachya दरअसल क्रिया के उस परिवर्तन के रूप को कहते हैं, जिसके वाक्य … Read more

संज्ञा: परिभाषा, भेद और उदाहरण – Sangya in Hindi

Sangya or Bhed

किसी भी हिंदी वाक्य को पूरा करने यानि सही अर्थ प्रदान करने के लिए संज्ञा या सर्वनाम का प्रयोग आवश्यक होता है. क्योंकि, ये वाक्य के मुख्य भाग होते है जिससे क्रियाएँ संपन्न होती है. वाक्य के माध्यम से अपना नाम, मानवीय अनुभव, आदि व्यक्त करने के लिए Sangya का प्रयोग मुख्य रूप से किया … Read more

प्रत्यय की परिभाषा, भेद और उदाहरण: Pratyay in Hindi Grammar

Pratyay in Hindi Grammar

हिंदी व्याकरण के सबसे महतवपूर्ण भाग प्रत्यय है. क्योंकि, इसे शब्दांश के अंत में जोड़कर शब्द बनाया जाता हैं. अर्थात, प्रत्यय शब्दों के अंत में जुड़कर अपने अनुसार शब्दों के अर्थ में परिवर्तन करते है. इसलिए, ग्रामर में इस टॉपिक का अध्ययन महतवपूर्ण माना गया है. इससे प्रतियोगिता एवं अकादमिक एग्जाम में प्रश्न भी पूछा … Read more

लिंग की परिभाषा, अर्थ, पहचान, भेद, नियम और उदाहरण | Ling in Hindi Grammar

Ling in Hindi Grammar

हिंदी व्याकरण में लिंक का महत्व संज्ञा के विभिन्न रूपों का सही तरीका से इस्तेमाल करना है ताकि वाक्य से सही अर्थ व्यक्त किया जा सके. दरअसल, Ling का तात्पर्य हिंदी भाषा के ऐसे प्रावधानों से है जो वाक्य के कर्ता के स्त्री, पुरुष, निर्जीव के अनुसार बदल जाते हैं। विश्व की लगभग एक चौथाई … Read more

विशेषण: परिभाषा, भेद, नियम और उदाहरण | Visheshan ke Bhed

Visheshan ke Bhed

हिंदी व्याकरण में विशेषण का महत्व सबसे प्रमुख माना गया है. क्योंकि, यह संज्ञा और सर्वनाम का विशेषता व्यक्त करने का कार्य करता है. संज्ञा और सर्वनाम की व्यख्या बिना Visheshan के करना संभव नही है. इसलिए, देश के विभिन्न प्रतियोगिता परीक्षाओं में विशेषण सम्बंधित प्रश्न पूछे जाते है. व्याकरण के इस भाग यानि विशेषण … Read more

सर्वनाम के भेद, परिभाषा और उदाहरण | Sarvanam ke Bhed

Sarvanam

हिंदी व्याकरण में सर्वनाम का अध्ययन भाषा को बारीकी से पहचानने का समझ प्रदान करता है कि कैसे संज्ञा के बदले सर्वनाम का प्रयोग सरलता से किया जाएँ. Sarvanam का अध्ययन, संज्ञा का वाक्य में बार-बार प्रयोग करने से रोकता है. क्योंकि, संज्ञा का प्रयोग किसी भी वाक्य में ज्यादा बार करना उचित नही माना … Read more

हिंदी वर्णमाला: स्वर, व्यंजन, एवं वर्गीकरण – Varnmala in Hindi

Hindi Varnmala

Hindi Varnamala: हिंदी भाषा विश्व की भाषाओं में से एक बोली जाने वाली सर्वाधिक वैज्ञानिक भाषा है, जिसे भारत की राष्ट्रभाषा और राजभाषा का दर्जा हासिल होने का गौरव प्राप्त है. अंग्रेजी वर्णमाला की तुलना में हिंदी अक्षर या हिंदी वर्णमाला सीखना काफी जटिल माना गया है. क्योंकि, Hindi Alphabets के वर्ण एवं मात्राओं को … Read more